हरियाणा सरकार में सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग के दो अधिकारियों के स्थानांतरण के आदेश

चण्डीगढ़(Abtaknews.com)12जून,2020:हरियाणा सरकार ने सूचनाजनसंपर्क एवं भाषा विभाग के दो अधिकारियों के स्थानांतरण के आदेश तुरंत प्रभाव से जारी किये हैं। हरियाणा भवननई दिल्ली में कार्यरत सहायक सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारीश्री जयपाल सिंह तथा पलवल के कार्यवाहक जिला सूचनाजनसंपर्क अधिकारी श्री बिजेन्द्र सिंह को एक दुसरे के स्थान पर लगाया है।
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 चण्डीगढ़12 जून- हरियाणा के मुद्रण एवं लेखन सामग्री राज्य मंत्री श्री संदीप सिंह ने आज यहां सैक्टर 18 की हरियाणा मुद्रणप्रैस का औचक निरीक्षण किया और अधिकारियों को कार्य उचित एवं सही ढंग से करनेके आदेश दिये।
         श्री संदीप सिंह ने कहा कि उनके पास मुद्रण प्रैस के संबंध में कई बार शिकायते आ रही थीं। जिनकी जांच के लिए आज औचक निरीक्षण किया गया है और खामियां पाई गई। उन्होने बताया कि सरकारी फाईलों के कवर के बंडलों की जांच करने पर पाया गया है कि उनकी गिनती सही नहीं पाई गई अत: अधिकारियों को निर्देश दिये गये है कि वे सहीं ढंग से चैक कर बंडल बनवायें।
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चंडीगढ़, 12 जून- हरियाणा की मुख्य सचिव श्रीमती केशनी आनन्द अरोड़ा ने कहा कि कोरोना वायरस संकट के कारण उत्पन्न होने वाली किसी भी स्थिति से निपटने के लिए राज्य पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने कहा कि इस वैश्विक महामारी के प्रसार को रोकने और प्रभावी ढंग से इसका मुकाबला करने के लिए समय-समय पर सक्रिय रणनीतियां बनाई जा रही हैं।
         मुख्य सचिव ने आज यहां वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कोविड-19 के लिए नियुक्त नोडल अधिकारियों और जिला उपायुक्तों के साथ संकट समन्वय समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए अधिकारियों को कोविड-19 के प्रबंधन की तैयारियों में तेजी लानेटेस्टिंग सुविधा बढ़ानेकॉन्टेक्ट ट्रेसिंगक्लिनिकल मैनेजमेंट पर अधिक ध्यान केंद्रित करनेकंटेनमेंट जोन पर कड़ी निगरानी पर जोर देने के साथ-साथ जन-जागरूकता गतिविधियों को बढ़ाने के निर्देश दिए।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि मास्क पहनना और सोशल डिस्टेंसिंग के मानदंडों का पालन करना अनिवार्य है और इन निर्देशों को सख्ती से लागू किया जाए।मुख्य सचिव ने नियंत्रण क्षेत्रों (कंटेनमेंट जोन) की निगरानी के बारे में संबंधित अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि अब नियंत्रण क्षेत्र में एंट्री और एग्ज़िट पॉइंट का सीमा निर्धारण करने के साथ साथ कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग और क्लिनिकल प्रबंधन पर प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि कस्बों और गांवों में निगरानी पर अधिक जोर दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जन जागरूकता समय की जरूरत है और इसके लिए पंचायतों, रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन और स्वयंसेवकों की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करें।
         उन्होंने कहा कि हर अस्पताल में ऑक्सीजन सिलेंडरों की उपलब्धता को पांच गुना बढ़ाना होगा। उन्होंने कहा कि अगर जरूरत हो तो कोविड केयर सेंटर में भी ऑक्सीजन सिलेंडर की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। इसके अलावाअस्पताल में बेड की क्षमतापीपीई किट की पर्याप्त उपलब्धता और मृत शरीर का प्रबंधन को भी प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी भयावह स्थिति से निपटने के लिए एमबीबीएसपैरामेडिक और नर्सिंग के अंतिम वर्ष के छात्रों को प्रशिक्षित किया जाए।
         मुख्य सचिव ने उपायुक्तों को निर्देश दिए कि गंभीर तीव्र श्वसन संक्रमण (एसएआरआई) या इन्फ्लुएंजा जैसी बीमारियों (आईएलआई) की निगरानी सावधानीपूर्वक की जाए ताकि प्रारंभिक चरण में ही किसी भी संभावित  संक्रमण का पता लगाया जा सके।
         उन्होंने उपायुक्तों को निर्देश दिए कि वे सूचना प्रौद्योगिकी का अधिकतम उपयोग करेंएक ऐसा तंत्र तैयार करें जिसमें कोविड लक्षण होने वाले किसी भी व्यक्ति को पता होना चाहिए कि उसे कहां जाना है। इसके अलावावायरस के फैलाव को रोकने के लिए और व्यापक कदम उठाए जाने चाहिए।
         होम आईसोलेशन के संबंध में मुख्य सचिव ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश देते हए कहा कि गृह मंत्रालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसारकिसी भी रोगीजिनमें कोविड-19 के हल्के या पूर्व-लक्षण पाए जाते हैंउस स्थिति में संक्रमण की श्रंख्ला को तोडऩे के लिए ऐसे रोगियों को तुरंत होम आईसोलेशन में भेजा जाए। उन्होंने कहा कि ऐसे सभी मामलों में रोगियों के स्वास्थ्य की निगरानी नियमित रूप से इंसिडेंट कमांडरों द्वारा की जानी चाहिए और इस सूचना को निगरानी टीमों के साथ भी साझा किया जाना चाहिए।
         मुख्य सचिव ने कहा कि टीबीकिडनी संबंधीआदि जैसे पूर्व बीमारियों से पीडि़त लोगों की मॉनिटरिंग पर विशेष ध्यान देने के साथ-साथ प्रत्येक घर की निगरानी के कार्य को जारी रखी जाए।
         स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री राजीव अरोड़ा ने कहा कि हरियाणा में वायरस को फैलने से रोकने के लिए सभी आवश्यक कदम पहले ही उठाए जा चुके हैं और लगातार कठोर रणनीतियां बनाई जा रही हैं।
         उन्होंने कहा कि सभी उपायुक्त प्रदेश में कोविड से निपटान के प्रबंधन की रणनीतियों में और तेजी लाना सुनिश्चित करें और मुख्य रूप से कोरोना मामलों की निगरानी से लेकर इसके उपचार पर अधिक जोर दिया जाए। जन जागरूकता गतिविधियों में तेजी लाने के साथ-साथ यूनिट टीमों के माध्यम से हाई रिस्क वाले मरीजों की पहचान करने के लिए फीडबैक तंत्र विकसित करने पर जोर दिया जाए।
क्रमांक-2020
गौरव 

  
चंडीगढ़, 12 जून- हरियाणा सरकार ने तुरंत प्रभाव से दो आईएएस अधिकारियों के स्थानांतरण एवं नियुक्ति आदेश जारी किए हैं।
         अतिरिक्त श्रम आयुक्तगुरुग्राम के मुनीश शर्मा को उनके वर्तमान कार्यभार के अलावा सोनीपत के  अतिरिक्त उपायुक्त और आरटीएसोनीपत के सचिव का कार्यभार सौंपा गया है।
सोनीपत के अतिरिक्त उपायुक्त और आरटीएसोनीपत (नामित) के सचिव ललित कुमार को यमुनानगर का अतिरिक्त उपायुक्त और आरटीएयमुनानगर का सचिव लगाया गया है।
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चंडीगढ़, 12 जून- हरियाणा पुलिस द्वारा ड्रग्स और अन्य नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए नूंह जिला से 127 किलो 800 ग्राम गांजा और 4800 बोतल प्रतिबंधित नशीली सिरप जब्त की गई हैं।
 हरियाणा पुलिस के प्रवक्ता ने आज यहां यह जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर एक टीम तैयार करके तहसीलदार के साथ गांव भाजलाका के मकान पर रेड की तो तलाशी लेने पर पुलिस को सात प्लास्टिक बैग में कुल 127 किलो 800 ग्राम गांजा बरामद हुआ। हालांकिपुलिस को आता देखकर घर के सभी सदस्य भागने में कामयाब रहे।
         सभी आरोपियों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम को भेजा गया है। जल्द ही सभी सलाखों में होगे।
        एक अन्य मामले मेंनूंह में एक पिकअप वाहन से 4800 बोतल प्रतिबंधित नशीली सिरप जब्त करने के बाद पुलिस टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एक गुप्त सूचना के आधार परपुलिस टीम ने सिविल अस्पतालपुन्हाना रोड के पास नाकाबंदी कर होडल की तरफ से आ रहे यूपी रजिस्ट्रेशन नंबर वाले एक वाहन को रोककर तलाशी ली तो उसमें 40 गत्ते की पेटियों में कुल 4800 बोतल नशीली सिरप (वेलसीरेक्स और क्लोरोमाइन फॉस्फेट)जो कि प्रतिबंधित दवा हैबरामद हुई।
         पकड़े गए आरोपियों की पहचान उत्तर प्रदेश के जिला मथुरा निवासी के रूप में हुई है।
         पुलिस ने गांजा व नशीली दवाई को कब्जे में लेकर इस संबंध में आरोपियों के खिलाफ तावडू और पुन्हाना पुलिस थानों में एनडीपीएस अधिनियम के तहत मामले दर्ज किए हैं और आगे की जांच जारी है।

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