Monday, October 22, 2018

महिला एव बाल विकास मंत्रालय और खाद्य एवं पोषाहार बोर्ड सशक्तिकरण कार्यक्रम

Ministry of Women and Child Development and Food and Nutrition Board Empowerment Program
फरीदाबाद(Abtaknews.com) 22 अक्टूबर,2018 ;महिला एव बाल विकास मंत्रालय,भारत सरकार खाद्य एवं पोषाहार बोर्ड की फरीदाबाद इकाई द्वारा परिवार सशक्तिकरण कार्यक्रम एसओएस के सहयोग से उनके ऑटोपिन तिलक नगर कार्यालय में वैश्विक आयोडीन अल्पता विकार निवारण दिवसए 2018 का आयोजन किया जायेगा जिसमे करीब 200 प्रतिभागी,बच्चे, किशोर बालक बालिकाएं व् माताएं आदि ने भाग लिया।
इस मौेके पर नरेश कुमार, निदेर्शन अधिकारी फरीदाबाद इकाई ने बताया की आयोडीन सूक्ष्म पोषक तत्व है जिसकी कमी के कारण गर्भवस्था में यदि आयोडीन प्रयाप्त मात्रा में न मिले तो हाइपोथायरायडिज्म हो जाता है जिसके कारण घेंघा, प्रजनन क्षमता  में  कमी, गर्भपात, मरे हुए बच्चे पैदा होना, मंद बुधिता, बधिरता-गूंगापन, भेंगापन, डिप्लेगिया निम्नांगों में लकवा मार जाना, बौनापन आदि जन्मजात विकार हो जाते हैं। एक वयस्क को 150 माइक्रोग्राम आयोडीन जबकि गर्भावस्था में करीब 200 माइक्रोग्राम आयोडीन की प्रतिदिन आवश्यकता होती है। भारत में करीब एक चौथाई जनसँख्या आयोडीन के कमी से होने वाले विभिन विकारों से ग्रसित हैं। आयोडीन की कमी स्कूल जाने वाले बच्चों की औसत बुद्धिमता लगभग 10.15 प्फ  बिंदु तक कम कर देती है।  आयोडीन की पूर्ति के लिए हमें आयोडीन युक्त  नमक का ही इस्तेमाल करना चाहिए नमक को साफ  सूखे  हवा बंद डिब्बे में रखें, नमी से दूर रखें। खाना बनाते समय अंत में डालें। जिससे नमक में उपस्थित आयोडीन का हास कम से कम हो सके। नमक के डिब्बे को चूल्हे व आंच से दूर रखें, नमक के पैकेट पर पैकिंग व समाप्ति की तिथि अवश्य देख लें।इस दौरान प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया विजेताओं को विभाग द्वारा पुरुष्कृत किया गया  साथ ही पोषाहार प्रदर्शनी भी लगायी गयी।


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