Saturday, July 28, 2018

हथनीकुंड बैराज से यमुना में छोडा गया पानी फरीदाबाद पहुंचा, फसल तबाह होने का डर

Hathni kund Barrage to Faridabad, the water released in Yamuna reached, fear of crop failure

फरीदाबाद(abtaknews.com) 28 जुलाई, 2018; पिछले दो दिनों से हुई बरसात के बाद हंथनीकुंड बैराज से यमुना में पहले 1 लाख 65 हजार क्यूसिक और शनिवार शाम 5 बजे 5 लाख 2 हजार क्यूसिक पानी छोड़ा गया। खतरे के निशान से ऊपर बहती यमुना नदी तटीय बंध किनारे किसानो  गावो के लिए मुसीबत बनने वाली हैं। यमुना का जल स्तर बढने लगा है और यमुना के साथ लगते दर्जनों गांव के लोगों की फसलों पर खतरा मंडराने लगा है। किसानों का कहना है कि इस बार यमुना में कुछ ज्यादा ही पानी आ रहा है इससे आने वाले एक दो दिन में जल स्तर बढा तो उनकी फसलें तबाह हो जायेंगी।

लगातार हो रही बरसात ने जहां पूरे दिल्ली एनसीआर में हाहाकार मचा दिया है वहीं अब यमुना किनारे बसे गांवों के किसानों को भी चिंता सताने लगी है, क्योंकि हंथनीकुंड बैराज से यमुना में छोडा गया 1 लाख 65 हजार क्यूसिक पानी धीरे- धीरे अब फरीदाबाद से गुजरने वाले यमुना नदी तक पहुंचने लगा है, जिससे यमुना का जल स्तर बढ गया है।तस्वीरों में तेज बहाव के साथ बहता हुआ दिखाई दे रहा है ये पानी यमुना नदी का है जो कभी नोएडा के किनारे बहता था आज उफान लेते हुए फरीदाबाद के गांवों की ओर आ गया है, जिससे यमुना किनारे खेतों में बोई हुई फसल खराब होने का डर किसानों को सताने लगा है। किसानों की माने तो वैसे तो इस मौसम में हर साल यमुना उफान पर आती है मगर इस बार बरसात के चलते ज्यादा पानी छोडा गया है जो कि धीरे - धीरे अब बढने लगा है, जिससे उन्हें अब अपनी फसल खराब होने  का डर सताने लगा है।

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