Monday, June 26, 2017

फरीदाबाद में ईद पर पूरे आवाम में शांति सौहार्द के लिये मांगी दुआ


फरीदाबाद (abtaknews.com ) रमजान के पाक महीन के बाद आज फरीदाबाद में ईद-उल-फितर पर नमाज अता की गई । जिसमें हजारों लोगों ने अपने वतन हिन्दुस्तान और पूरे आवाम में शांति सौहार्द और आपसी भाईचारे के लिये दुआ की। जश्र के इस दिन पर सभी ने मस्जिद में एक दूसरे को गले लगा ईद की मुबारकबाद दी। ईद पर मौलवी ने कहा कि ईद अमन और मोहब्बत का पैगाम देती है लोगों को अपने मुल्क से मोहब्बत करनी चाहिये, इस्लाम के नाम कत्लेआम कर दहशत फैलाने वाले लोग कभी रहम के काबिल नही होते और न ही वो लोग मुस्लमान होते, उनका हमें बहिष्कार करना चाहिये।
जैसा कि आप देख पा रहे हैं किस कदर छोटे- छोटे बच्चे अल्लाह के दर पर हाथ फैलाये हुए मन्नतें मांग रहे हैं। और वहीं नमाज अता करने के बाद सभी एक दूसरे के गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दे रहे हैं। आज पूरे आवाम में ईद-उल-फितर मनाई जा रही है। ओल्ड फरीदाबाद की पीर वाली मस्जिद में हजारों मुस्लमानों ने रमजान के पाक माह के बाद ईद-उल-फितर पर नमाज अता कर दुआ मांगी। इस जश्र में बच्चे से बडे तक सभी लोगों ने मस्जिद में नमाज अता कर रोजे पूरे किये।
इस अवसर पर नमाज अता करवा रहे मौलवी ने बताया कि ईद रमजान के पाक महीने को पूरा करने के बाद मनाई जाती है, इस दिन पहले मस्जिद में सभी लोग खुदा का शुक्र अदा करते हैं उसके बाद सभी एक दूसरे ये गले मिलकर ईद की मुबारकबाद देते हैं और बच्चों को ईदी देने के बाद मीठे पकवान बनाकर एक दूसरे के साथ बैठकर खाते हैं। वहीं मौलवी ने कहा कि ईद अपने मुल्क के लिये अमन और मौहब्बत का पैंगाम देती है, सभी लोगों को अपने मुल्क से प्रेम करना चाहिये।
वहीं मस्जिद कमैटी अध्यक्ष अरसद अली ने सभी को ईद की मुबारकबाद दी और कहा कि रमजान का पाक माह खत्म होने का दुख होता है जिसे ईद मनाकर दूर करते हैं। ये दिन खुशी का दिन होता है, जिससे हमें मिलजुलकर मनाना चाहिये, मुस्लमानों को हिंदुओं के त्यौहारों में शरीक होना चाहिये तो हिंदुओं को ईद पर एक दूसरे से गले लगकर मुबारकबाद देनी चाहिये। इतना ही नहीं उन्होंने ईद पर मंस्जिद से एलान किया कि जो लोग इस्लाम के नाम कत्लेआम कर दहशत फैलाते हैं उन्हें इस्लाम की कोई भी मदद नहीं है। जो इंसान दहशतगर्द हैं वो मुस्लमान नहीं है इसलिये हम उनका बहिष्कार करते हैं।


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